Wednesday, July 10, 2024

जैसे तैसे

एक अरसा जैसे बीत गया हो,

पानी आंखों से सूख गया हो,

तुम गए जैसे बनकर हवा,

हाथ से रेत जैसे फिसल गया हो,

एक अरसा जैसे बीत गया हो।। 

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