Friday, January 8, 2021

शिकष्त

 निगाहें शिकष्त आवाज़ जिंदादिली,

वो छोड़ गए मुझको और हम उनकी गली।।

Thursday, January 7, 2021

हवा के झोंकों

 मैं बारिशों में संभलता हूँ इस क़दर,

जैसे हवा के झोंकों पे है सफर।।